बलौदाबाजार- नगर सेना बलौदाबाजार के जवानों ने आगामी बरसात में संभावित बाढ़ एवं आपदा से बचाव के लिए की गई अपनी तैयारियों का पलारी के बालसमुंद तालाब में मॉकड्रिल कर परीक्षण किया। बाढ़ एवं संकट में फंसे किसी व्यक्ति को कैसे बचाया जाये, इसका उपस्थित लोगों के बीच जीवंत प्रदर्शन किया गया।
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मॉकड्रिल में वास्तविक संकट के हालात से सामना होने पर किसी प्रकार के चूक की गुंजाइश न हो। बचाव में काम आने वाली वाटर बोट, एल्युमीनियम बोट, एचडीपीई बोट, चैन शॉ, ताला काटने का उपकरण आदि औजारों का व्यवहारिक प्रयोग कर आज़माया गया। सभी उपकरण सही एवं चालू हालत में पाए गये। इसके साथ ही स्थानीय जुगाड़ तकनीक के तहत टीपा, टायर-ट्यूब, पानी बोतल, राफ्ट इत्यादि से तैरने वाले उपकरणों का प्रयोग कर भी लोगों को बताया गया।
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नगर सेना के जिला कमांडेंट नागेन्द्र कुमार सिंह के नेतृत्व में मॉकड्रिल के प्रथम चरण की कार्रवाई आज सम्पन्न हुई। उन्होंने बताया कि बरसात का सीज़न शुरू होने के पूर्व संभावित आपदा को ध्यान में रखते हुए यह मॉकड्रिल किया गया तथा बाढ़ आपदा के समय काम आने वाले उपकरणों की कार्यप्रणाली का जायज़ा लिया गया।
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कमांडेंट सिंह ने बताया कि बाढ़ बचाव दल में 21 सदस्यों की टीम चौबीसों घण्टे आपदा से निपटने के लिए तैयार रहती है। नगर सेना, नागरिक सुरक्षा, अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवा एवं एसडीआरएफ मुख्यालय तथा जिला प्रशासन के आदेश एवं निर्देशन में यह बढ़ बचाव टीम हमेशा रेडी रहती है। गौरतलब है कि नगर सेना ने कमांडेन्ट नागेन्द्र सिंह के कुशल नेतृत्व में पिछले 3-4 सालों में 7 सौ के लगभग बाढ़ में फंसे लोगों का बचाव कर सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया है।